राम की शक्तिपूजा की व्याख्या | भाग 17 | Ram Ki Shakti Puja Ki Vyakhya | Part 17
प्रस्तुत पंक्तियाँ छायावादी कवि सूर्यकान्त त्रिपाठी ‘निराला’ द्वारा रचित ‘राम की शक्ति पूजा’ से ली गई हैं । मूल रूप से यह कविता उनके काव्य संग्रह ‘अनामिका’ में संकलित है ।